आम लोगों की तुलना में उन्हें ये दिक्कतें 4 गुना | 10% youth who are paying guests are victims of depression, 14% victims of anxiety


  • Hindi News
  • Happylife
  • 10% Youth Who Are Paying Guests Are Victims Of Depression, 14% Victims Of Anxiety

बेंगलुरू30 मिनट पहले

  • कॉपी लिंक

घर से दूर शहरों के पेइंग गेस्ट बनने वाले युवा आम लोगों की तुलना में ज्यादा मानसिक परेशानियां और नशे की लत के शिकार हैं। कर्नाटक के बेंगलुरू स्थित नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ मेंटल हेल्थ एंड न्यूरोसाइंस की हालिया स्टडी में यह खुलासा हुआ है। इसमें 18 से 29 साल के बीच के 315 लोगों को शामिल किया गया था।

इनमें से 10% ने डिप्रेशन (मेजर डिप्रेसिव एपिसोड) का सामना किया। 14% में एंग्जाइटी दिखी। वहीं, 2015-16 के नेशनल मेंटल हेल्थ सर्वे के अनुसार, देश में 2.8% लोग डिप्रेशन और 3.5% एंग्जाइटी से परेशान थे। यानी, पेइंग गेस्ट में रहने वाले युवाओं में डिप्रेशन और एंग्जाइटी की दर आम लोगों की तुलना में चार गुना ज्यादा है।

डिप्रेशन के ये लक्षण दिखें तो इलाज लें
जब कोई व्यक्ति दो हफ्ते या उससे ज्यादा समय तक डिप्रेशन के लक्षणों जैसे- दुख का अनुभव, रुचि कम होना, आत्महत्या के विचार आना, अनिद्रा आदि का सामना करता है, तो उसे मेजर डिप्रेसिव एपिसोड कहा जाता है। वहीं जनरलाइज्ड एंग्जाइटी डिसऑर्डर में व्यक्ति लंबे समय तक रोजमर्रा के कामों के बारे में चिंतित रहता है, जिससे उसकी जिंदगी प्रभावित होती है।

इन दोनों स्थितियों में व्यक्ति को पर्याप्त इलाज की जरूरत पड़ती है। स्टडी में डिप्रेशन से पीड़ित 72% और एंग्जाइटी से पीड़ित 59% युवा किसी डॉक्टर की मदद नहीं ले रहे थे। कई युवा तो इन परेशानियों के बारे में जानते ही नहीं थे। कुछ झिझक के कारण डॉक्टर के पास नहीं गए।

दूसरे शहर जाने वाले युवाओं में स्वास्थ्य की दिक्कतें बढ़ीं
युवा पढ़ने वाले या नौकरी करने वाले थे और अच्छी शिक्षा ले चुके थे। 65% अंडरग्रेजुएट डिग्री/डिप्लोमा कर चुके थे, वहीं 28% पोस्ट ग्रेजुएशन कर चुके थे। इनमें से 88% की शादी नहीं हुई थी। 90% लोग दूसरी जगहों से यहां आकर रह रहे थे। इन्हें सेहत से जुड़ी कई समस्याएं हो रही थीं। स्टडी में 45 अलग-अलग पेइंग गेस्ट में रहने वाले युवाओं को शामिल किया गया था।

खबरें और भी हैं…

Add a Comment

Your email address will not be published.